
जयवीर मुस्कुराते हुए बोला, “अभी मैंने नहीं सोचा है। पर हम सभी राव ब्रदर्स अपने प्रिंसेस का नाम सभी के नाम के शब्दों से मिलकर रखने की कोशिश करेंगे।”
मिशिका खिलखिलाकर हँस पड़ी। उसकी हँसी में वो मिठास थी जो जयवीर के दिल की हर परत को पिघला देती थी। अगले ही पल जयवीर ने अपने होंठ मिशिका के होंठों पर रख दिए। किस गहरा, धीमा और भूखा था। उसने मिशिका के निचले होंठ को दाँतों से हल्के से काटा, फिर जीभ अंदर घुसा दी। मिशिका ने पूरा साथ दिया। उसके हाथ जयवीर के बालों में उलझ गए, उसे और करीब खींच लिया।









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